बजट 2018: जानें मोदी सरकार के इस बजट में किसको क्या मिला !

वित्तमंत्री जेटली ने किसानों को लागत मूल्‍य से 50 फीसदी ज्‍यादा देने की घोषणा की है. पीएम मोदी ने अपने भाषण में कहा था कि ‍वर्ष 2022 तक हम किसानों की आमदनी को दुगुना कर देंगे.

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नई दिल्‍ली: मोदी सरकार लोकसभा चुनाव से पहले अपने आखिरी पूर्ण बजट में किसान, गरीब, युवा, गृहणी, उद्यमी सबों को खुश करते नजर आए. वित्तमंत्री जेटली ने किसानों को लागत मूल्‍य से 50 फीसदी ज्‍यादा देने की घोषणा की है. पीएम मोदी ने अपने भाषण में कहा था कि ‍वर्ष 2022 तक हम किसानों की आमदनी को दुगुना कर देंगे.

पढ़ें जेटली के बजट भाषण की मुख्य बातें:-

8 करोड़ ग़रीब महिलाओं को मुफ़्त गैस कनेक्शन
– 11 लाख करोड़ रुपये का कृषि कर्ज देने का प्रस्ताव
– अगले वित्त वर्ष में दो करोड़ शौचालय बनाने का लक्ष्य
– 1290 करोड़ रुपये से राष्ट्रीय बांस मिशन का प्रस्ताव
– 50 करोड़ गरीब लोगों को हर साल 5 लाख रुपये का कैशलेश मेडिकल इंश्‍योरेंस
– 10 करोड़ परिवारों के लिए हेल्‍थ प्रोटैक्‍शन
– दुनिया की सबसे बड़ी स्‍वास्‍थ्‍य बीमा योजना
– इस स्‍वास्‍थ्‍य बीमा योजना को आगे भी बढ़ाया जा सकता है
– 50 करोड़ गरीब लोगों को हर साल 5 लाख रुपये का कैशलेश मेडिकल इंश्‍योरेंस
– 10 करोड़ परिवारों के लिए हेल्‍थ प्रोटैक्‍शन
– दुनिया की सबसे बड़ी स्‍वास्‍थ्‍य बीमा योजना
– इस स्‍वास्‍थ्‍य बीमा योजना को आगे भी बढ़ाया जा सकता है
– नवोदय विद्यालय की तर्ज पर अनुसूचित जाति के छात्रों के लिए एकलव्य विद्यालय खुलेंगे
– बीटेक विद्यार्थियों के लिए प्रधानमंत्री रिसर्च फेलो योजना
– टीबी रोगियों को पोषण के लिए 500 रुपये प्रतिमाह देगी सरकार
– आयुष्मान भारत योजना के तहत 10 करोड़ गरीब परिवारों के लिए ‘राष्ट्रीय स्वास्थ्य देखभाल योजना’ में पांच लाख रुपये प्रतिवर्ष की हॉस्पिटलाइजेशन की सुविधा
– 24 नए सरकारी मेडिकल कॉलेज-अस्पताल
– प्रधानमंत्री जन-धन योजना का विस्तार होगा
– सुकन्या समृद्धि योजना के तहत 1.26 करोड़ खाते खुले
– समावेशी समाज के सपने के लिए 115 जिले चिन्हित
– प्रधानमंत्री दुर्घटना बीमा योजना के तहत 12 रुपये सालाना प्रीमियम पर दो लाख रुपये के बीमा को 13.25 करोड़ लोगों ने अपनाया
– अनुसूचित जनजाति कल्याण के लिए 39,135 करोड़ रुपये, अनुसूचित जाति के लिए 56,619 करोड़ रुपये का प्रावधान
– प्रधानमंत्री जीवन सुरक्षा बीमा योजना के तहत 330 रुपये सालाना प्रीमियम पर दो लाख रुपये बीमा योजना को 5.22 करोड़ लोगों ने अपनाया
– मुद्रा योजना के तहत तीन लाख करोड़ रुपये ऋण देने का लक्ष्य
– नगर नियोजन एवं वास्तुशिल्प के दो नए विद्यालय खोले जाएंगे. 18 नए आईआईटी और एनआईआईटी भी
– 10 पर्यटन स्थलों को प्रसिद्ध पर्यटन केंद्र बनाने की योजना
– स्मार्ट सिटी मिशन के तहत 99 शहरों का चुनाव कर लिया गया, जिसमें 2.04 लाख करोड़ रुपये की परियोजनाओं पर काम होगा
– वित्त वर्ष 2018-19 में 9,000 किलोमीटर राष्ट्रीय राजमार्ग का निर्माण किया जाएगा
– 10 पर्यटन स्थलों को प्रसिद्ध पर्यटन केंद्र बनाने की योजना
– स्मार्ट सिटी मिशन के तहत 99 शहरों का चुनाव कर लिया गया, जिसमें 2.04 लाख करोड़ रुपये की परियोजनाओं पर काम होगा
– वित्त वर्ष 2018-19 में 9,000 किलोमीटर राष्ट्रीय राजमार्ग का निर्माण किया जाएगा
– रेलवे को 2018-19 के लिए 1,48,528 करोड़ रुपये
– वित्त वर्ष 2018-19 में सरकार 18,000 किलोमीटर रेललाइनों का दोहरीकरण करेगी
– मुंबई में 40,000 करोड़ रुपये की लागत से 140 किलोमीटर उपनगरीय रेल नेटवर्क विस्तार का फैसला
– स्वास्थ्य, शिक्षा और सामाजिक सुरक्षा कार्यक्रमों का बजट 2018-19 के लिए बढ़ाकर 1.38 करोड़ रुपये किया गया जो 2017-18 में 1.22 लाख करोड़ रुपये था
– उड़ान योजना ने हवाई चप्पल पहनने वालों को हवाई यात्रा का मौका दिया: वित्त मंत्री जेटली
– विमानपत्तन प्राधिकरण के तहत वर्तमान में 124 हवाईअड्डे हैं। देश के हवाईअड्डों की यात्री वहन क्षमता को पांच गुना बढ़ाया जाएगा
– स्टाम्प ड्यूटी कानून में संशोधन पर विचार होगा: वित्त मंत्री जेटली
– जिला अस्पतालों की सुविधाओं का उन्नयन करके 24 नए मेडिकल कॉलेज और अस्पताल बनाए जाएंगे
– एक लाख ग्राम पंचायतें हाईस्पीड ब्राडबैंड से जुड़ीं
– 5 लाख वाई-फाई हाटस्पाट स्थापित करने की योजना। इसके लिए 10,000 करोड़ रुपये का आवंटन
– चारों सरकारी बीमा कंपनियां एक होंगी
– सरकार 80000 करोड़ के शेयर बेचेगी
– सरकार गोल्‍ड पॉलिसी बनाए
– कंपनियों का भी आधार जैसा एक नंबर होगा
– हर उद्योग के लिए अब अलग आईडी
– बिटक्‍वाइन जैसी करेंसी देश में नहीं चलेगी
– वर्ष 2018-19 के लिए 80,000 करोड़ रुपये का विनिवेश लक्ष्य; 2017-18 में विनिवेश से एक लाख करोड़ रुपये प्राप्त होना का अनुमान, जो तय लक्ष्य से अधिक है
– राष्ट्रपति, उप-राष्ट्रपति, राज्यपालों की परिलब्धियां बढ़ाकर क्रमश: पांच लाख, चार लाख और साढ़े तीन लाख रुपये प्रतिमाह की गईं
– सांसदों के वेतन, भत्ते तय करने के नियमों में बदलाव होगा, मुद्रास्फीति से जुड़ेगे, हर पांच साल में स्वत: संशोधन का नियम बनेगा
– बापू के 150वीं जयंती कार्यक्रमों के लिए 150 करोड़ रुपये
– वित्त वर्ष 2017-18 में राजकोषीय घाटा 3.2% से बढ़कर देश के सकल घरेलू उत्पाद का 3.5% हो गया. वित्त वर्ष 2018-19 में इसे 3.3% रखने का लक्ष्य.
– इनकम टैक्‍स दरों में कोई बदलाव नहीं, छूट की सीमा पहले की तरह ढाई लाख रुपये
– 15 जनवरी, 2018 तक प्रत्यक्ष कर संग्रहण में 18.7 प्रतिशत की वृद्धि
– 8.2 करोड़ लोगों ने डायरेक्‍ट टैक्‍स दिया
– वित्तीय घाटा कम हुआ, इस साल 5.95 करोड़ रहा
– इस साल डायरेक्‍ट टैक्‍स 12.6 फीसदी बढ़ा
– आयकर दाताओं की संख्या 2014-15 में 6.47 करोड़ से बढ़कर 2016-17 में 8.27 करोड़ हो गई

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